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प्रकाश का परावर्तन: परिभाषा, प्रकार, नियम और चित्र सहित

 

प्रकाश का परावर्तन

जब प्रकाश किसी चमकदार सतह (जैसे कि दर्पण) से टकराकर अपनी दिशा बदलता है, तो इस घटना को प्रकाश का परावर्तन कहा जाता है।


प्रकाश परावर्तन के नियम (Laws of Reflection):-

1. प्रथम नियम:

आपतन किरण (Incident Ray), परावर्तित किरण (Reflected Ray) और अभिलंब (Normal) सभी एक ही तल (plane) में होते हैं।

2. द्वितीय नियम:

आपतन कोण (∠i) हमेशा परावर्तन कोण (∠r) के बराबर होता है।
📌 i = r



महत्वपूर्ण शब्दावली:

शब्द अर्थ
आपतन किरण (Incident Ray) वह किरण जो परावर्तक सतह पर गिरती है।
परावर्तित किरण (Reflected Ray) वह किरण जो सतह से टकराकर लौटती है।
अभिलंब (Normal) वह रेखा जो सतह पर आपतन बिंदु पर लंबवत होती है।
आपतन कोण (Angle of Incidence) आपतन किरण और अभिलंब के बीच का कोण।
परावर्तन कोण (Angle of Reflection) परावर्तित किरण और अभिलंब के बीच का कोण।

परावर्तन के प्रकार:-

1. नियमित परावर्तन (Regular Reflection)

जब प्रकाश एक चिकनी सतह (जैसे दर्पण) से टकराता है और सभी किरणें समान कोण पर परावर्तित होती हैं।
📌 छवि स्पष्ट और नियमित बनती है।



2. अनियमित परावर्तन (Diffuse Reflection)

जब प्रकाश किसी खुरदरी सतह से टकराता है और विभिन्न दिशाओं में परावर्तित होता है।
📌 छवि नहीं बनती या धुंधली होती है।




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